तुम जा रहे हो जंगल में तो शेर बनकर जाओ -- कवि तारकेश्वर मिश्र जिज्ञासु

 मुझसे मौसम की बेवफाई का ज़िक्र क्यों करते हो ! 

आंधियों की फ़िक्र करता नहीं मैं घर से निकलने के बाद !! 

*************************

चाहते हो अपनी बहादुरी का सबूत देना मुझे तो सुन लो ! 

आंधी चले और सफ़र में कदम ना रुके यही शर्त है मेरी !! 

*************************

तुम्हें खुशी मिले तो मैं किसी हद तक जा सकता हूं ! 

आंधियों में भी तुम्हारे लिए घर से निकल सकता हूं !! 

*************************

तुम चाहो तो अपने लिए कोई सुरक्षित ठिकाना ढूंढो ! 

रही बात मेरी मैं तो आंधी में भी खुश रहने का आदी हूं !! 

*************************

तुम जा रहे हो जंगल में तो शेर बनकर जाओ ! 

आंधी का ख़ौफ़ रख जंगल में नहीं जाते प्यारे !! 

*************************

तेज आंधी के साथ मुसलाधार बारिश नहीं देखी तुमने ! 

जन्नत का दर्शन करना चाहो तो जुलाई में मेरे गांव आना !!

******************तारकेश्वर मिश्र जिज्ञासु कवि व मंच संचालक अंबेडकरनगर उत्तर प्रदेश !

Popular posts
खलीलाबाद से बहराइच तक रेल लाइन बिछेगी, डीपीआर रेलवे बोर्ड को प्रेषित
Image
बस्ती की नई डीएम प्रियंका निरंजन,2013 बैच की आईएएस अफसर है प्रियंका निरंजन।
Image
बस्ती:-सौम्याअग्रवाल आईएएस,बस्ती की नई जिलाधिकारी बनी, जानिए उनकी सफलता की कहानी
Image
गजलों की महफ़िल की 28 वी कड़ी में लुधियाना के प्रख्यात शायर सरदार हरदीप सिंह विरदी ने हिंदी उर्दू की बेहतरीन गजलों से महफ़िल में चार चांद लगाया,जमकर लोगो ने की हौसला अफजाई
Image
दिल्ली:- 12 साल के लड़के ने 18 साल की लड़की को किया गर्भवती, अस्पताल में बच्चे को जन्म देकर लड़की ने किया खुलासा
Image