यूपी में अबतक कोरोना से 95 मरे,एक्टिव केस मात्र 1718,ठीक होने वालों की संख्या 2327


 लखनऊ। उत्तर प्रदेश में कोरोना वायरस संक्रमण के मामलों की संख्या शनिवार को 4140 हो गयी और अब तक 95 लोगों की इस संक्रमण से मौत हो चुकी है। प्रमुख सचिव (चिकित्सा एवं स्वास्थ्य) अमित मोहन प्रसाद ने यहां संवाददाताओं से कहा, प्रदेश में ऐसे मरीजों की संख्या कुल 1718 है जिनका अभी इलाज चल रहा है और 2327 लोग पूर्णतया उपचारित होकर अस्पतालों से छुट्टी पा चुके हैं। संक्रमण के कुल 4140 मामले सामने आये हैं और 95 लोगों की इस संक्रमण से दुर्भाग्यपूर्ण मौत हो गयी है। प्रसाद ने बताया कि शुक्रवार को प्रदेश की विभिन्न प्रयोगशालाओं में 5612 नमूनों की जांच हुई। कुल 420 पूल लगाये गये, जिनमें से 59 पूल पॉजिटिव निकले। उन्होंने अन्य प्रदेशों से आ रहे प्रवासी कामगारों के 21 दिन के घर पर पृथकवास का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने को कहा। 


प्रसाद ने बताया कि सरकार की ओर से आज दो-तीन महत्वपूर्ण शासनादेश और अधिसूचनाएं जारी की गयीं। हॉटस्पाट (संक्रमण से ज्यादा प्रभावित क्षेत्र) या कंटेनमेंट जोन (निषिद्ध क्षेत्र) से अगर 21 दिन तक कोई संक्रमण नहीं आता तो उसे बंद कर दिया जाएगा। जिन लोगों के घर बड़े हैं और पृथक कमरे के साथ शौचालय की सुविधा है, उन्हें कुछ शर्तों के साथ घर पर ही पृथकवास पर रहने की इजाजत दी जा सकती है। उन्होंने बताया कि चेहरे पर मास्क या फेस कवर लगाये बिना सार्वजनिक स्थल पर घूमना दंडनीय होगा। पहली बार पकड़े जाने पर सौ रुपये जुर्माना होगा, दूसरी बार भी सौ रूपये तथा तीसरी बार या उसके बाद पांच सौ रूपये का जुर्माना देना होगा। 


प्रमुख सचिव ने बताया कि अगर कोई व्यक्ति कोरोना वायरस से संक्रमित नहीं है लेकिन लॉकडाउन का उल्लंघन करता है तो उसे पहली बार 100 रुपये, दूसरी बार 500 रुपये और उसके बाद हर बार उल्लंघन पर एक हजार रुपये जुर्माना देना पड़ेगा। उन्होंने बताया कि दोपहिया वाहनों पर फिलहाल एक ही व्यक्ति को बैठने की अनुमति है। अगर दो व्यक्ति बैठे पाये गये ते पहली बार 250 रुपये जुर्माना, दूसरी बार 500 रुपये और तीसरी बार 1000 रुपये का जुर्माना देय होगा। उसके बाद भी उल्लंघन होता है तो लाइसेंस निलंबित कर दिया जाएगा। प्रसाद ने बताया कि जो जुर्माना मास्क नहीं लगाने पर है, उतनी ही राशि का जुर्माना सार्वजनिक स्थल पर थूकने पर भी है।