कोरोना वायरस के कारण लॉकड़ाउन-4 के दौरान सार्वजनिक निर्माण कार्य कराये जा सकेंगे:- डीएम


बस्ती। कोरोना वायरस के कारण लॉकड़ाउन-4 के दौरान सार्वजनिक निर्माण कार्य कराये जा सकेंगे। उक्त निर्देश जिलाधिकारी आशुतोष निरंजन ने दिया है। विकास भवन सभागार में आयोजित निर्माण कार्यो की समीक्षा बैठक में उन्होने कहा कि वरसात के पूर्व अगले 40 दिनों में सभी पुराने निर्माण कार्य पूरा कराये।   


      उन्होने कहा कि सक्षम स्तर से अनुमति प्राप्त करके ही निर्माण परियोजना के डिजाईन में कोई परिवर्तन हो सकेंगा। सक्षम स्तर अधिकारी से हस्ताक्षर कराकर उपभोग प्रमाण पत्र शासन को भेजा जायेंगा। इसमें किसी प्रकार की शिथिलता या लापरवाही क्षम्य नही होंगी। समीक्षा में उन्होने पाया कि फायर स्टेशन निर्माण का उपभोग प्रमाण पत्र मुख्य अग्निशमन अधिकारी से हस्ताक्षर कराकर शासन को भेज दिया गया और अभी तक इसमें अवशेष धनराशि प्राप्त नही हो पायी है। जिलाधिकारी ने इसके लिए कार्यदायी संस्था के प्रोजेक्ट मैनेजर का स्पष्टीकरण तलब किया है। 


      समीक्षा में उन्होने पाया कि मेडिकल कालेज तथा कैली अस्पताल के निर्माण कार्य कार्यदायी संस्था राजकीय निर्माण निगम द्वारा धीमी गति से किए जा रहे है, जो कार्य पूर्ण हो गये है , उसे मेडिकल कालेज प्रशासन ने अभी हैण्डओबर नही लिया है। जिलाधिकारी ने इस स्थिति पर नाराजगी व्यक्त करते हुए दोनों का स्पष्टीकरण तलब किया है। उन्होने कैली अस्पताल के अपूर्ण कार्यो की सूची भी तलब किया है।


       कृषि विभाग के कृषि विज्ञान केन्द्र का निर्माण पूरा पैसा होने के वाबजूद अभी तक पूरा नही किया गया है। इसके लिए भी राजकीय निर्माण निगम के प्रबन्धक को कारण बताओं नोटिस जारी करने का जिलाधिकारी ने निर्देश दिया। आवास विकास परिषद अयोध्या द्वारा बनवाये जा रहे जजेज कालोनी के बाउन्ड्रीवाल तथा गेट का निर्माण आगामी 10 दिनों में पूरा करने का निर्देश दिया है। 


 


       जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि कोई भी कार्यदायी संस्था बिना वाजिब कारण के रिवाईज स्टिमेट तैयार नही करेंगी। शासनादेश के अनुसार रिवाईज स्टिमेट बनाने पर पहले संबंधित अधिकारी की जिम्मेदारी तय की जायेंगी। 


 


       बैठक का संचालन अर्थ एवं संख्याधिकारी टी0पी गुप्ता ने किया। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी सरनीत कौर ब्रोका, उ0प्र0 राजकीय निर्माण निगम, आरईडी, उ0प्र0 आवास विकास परिषद अयोध्या एवं प्रतापगंढ, सी एण्ड डीएस, यूपी प्रोजेक्ट कार्पोरेशन उ०प्र० राज्य सेतु निगम के अधिकारीगण उपस्थित रहे।